बेदर्द सनम के
दी हलका गम के
कैसे देखा लाईं दीलाबा के जखम के
जुठा हून वेवफासे फरियाद करतानी
बरबाद कहके गईलू तब
याद करतानी
तब याद करतानी
रुगाबा कोई सनई दाईलेबा लोग कहे की कुछ खाईलेबा
प्रेमी के बरदू है बूजी धोखा प्यार में जे पईलेबा
गुट गुट खुना पीके
तन्नबाद
करतानी
बरबाद कहके गईलू तब याद करतानी तब याद करतानी
पर
पाणडे
प्रकाश के लाज परल रही मिले के सबरे पर
हमारा मुझला के खबरे पर याद की याद बूतू कबरे पर
पाणडे
प्रकाश के लाज परल रही मिले के सबरे पर
खुद के जीने गी के जेल से आजाद करतानी बरबाद
कहके गईलू तब याद करतानी तब याद करतानी