देखी भाईया
एगो बेटा एगो मतारी के कहानी
एगो बाप एगो मतारी अपना बेटा के
पढ़ावेला लिखावेला अच्छा इंसान बनावेला
आओ लैका परदेश जाला जब
तो वो अपना माई बाप के भुला जाला
तो यही एक गीत के माध्यम से
रूवलंगन के बीच में सुनावता निये भीया
कब आईबे कब आईबे कब आईबे रे बीना देखले ओ बीना देखले
बीना देखले ना छूटी परणमा सुगनमा घरे कब आईबे रे
आपसे देखी देखी था कल नयनमा सुगनमा घरे कब आईबे रे
होई गईल जाकि कितना बड़ी आपसार हो
आजले ना लीहला बुढिया माई के ख़बार हो
तन के बेच के पढ़ो मनी गहनमा सुगनमा घरे कब आईबे रे
लागेयो सरे में छूटी परणमा ललनमा घरे कब आईबे रे
बरिस बदरिया कचूए लगभार हो
मंदिर में सूततानी जाके रात भार हो
बरिस बदरिया कचूए लगभार हो
कूप है g острा यापून चा नीता हिस्कूप
सुनिला की घुम तारो लेके एसी गारी
एको अभिसे के नई खितन परेके सारी
अमितिरू सलबाड़ो
अमितिरू सलबाड़ो कमने करनवा
सुगानवा घरे कब आईबेरे
लागे असरे में छूटी
करनवा ललनवा घरे कब आईबेरे
कब आईबे कब आईबे कब आईबेरे
कब आईबे कब आईबे कब आईबेरे
भी नदेखले बीना देखले नचूटी परनवा सुगानवा घरे कब आईबेरे
आस देखी देखी ठाखल नयनवा सुगानवा घरे कब आईबेरे