भान पिसे में दुखाता कलैया अब नहीं पी सब भनिया
भान पिसे में दुखाता कलैया अब नहीं पी सब भनिया
मोरे शीवर और भनिया हो
रवा भंग ये मेरा हिले मताए अर्दम का जाओ मेरा हिले रमाए
रवा भंग ये मेरा हिले मताए अर्दम का जाओ मेरा हिले रमाए
रवा भंग ये मेरा हिले मताए अर्दम का जाओ मेरा हिले रमाए
रवा भंग ये मेरा हिले रमाए
रवा भंग ये मेरा हिले रमाए
बत तूनी जी यह भोलतानी नहीं रोजों के सह परसानी
आरे जाएंची पहले कोवरियां सबके का बाट दुखवात तर जानी
लाला सुझित लल संघ्या सरवम के दे आई दरसनियां हो
तावन भर जातानी नहीं होरी रोह के मोरे भोले आड़ा भंगियां हो
तावन भर जातानी नहीं होरी रोह के मोरे सिवे आड़ा भंगियां हो