साजड़ यह मत जाणियों तोह विछड़े मोहे चैन रहे
जल्बिन जैसे माच्रे तरपत हूँ दिल रैन
थार वो भगवान को पागल्बन में चैलेंज करता आय।
आना की वो पुनर जनम लेगा उसे हासिल करने के�ggi।
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चाहत है मेरी सज़दो तेरा
चाहत है मेरी सज़दो तेरा
आखों में मेरे चहरा तेरा
माहों में तेरी है जादू
दिल पे नहीं अप है काबू
दिल पे नहीं अप है काबू
तज़ना मैं तेरी तू मेरा
सजनी तु मेरी मैं तेरा
नैना मिलाके मैं तोहारी
सजनी तु मेरी मैं तेरा
सजनी तु मेरी मैं तेरा
बड़ी मन्नतों से पाया है तुझे
इस वार खोने नहीं दूँगा