Dalyan Nairol Di Chikar Barlekar
Didik Dibhur
HonDrUnke Yakvereay
Ne Ram Chahata alrededor Holi ke Lahare
एह दिदी के देबोर होंके धोके अकवार में
रोम चाहता रोया सो होली के लाहर में
भड़ते आह उठ आउच्छी
गोरे गोरे गाल हाँ देखी पगलाई लाँ
वाइट सालवार मोबिल फेकी कला कोईलाँ
गोरे गोरे गाल हाँ अरे
देखी पगलाई लाँ
हो तां बिनी लंग सनेका वे ही भवाण मैं बहूँ है वे insulting
लोग पीछी कारे बढ़ते हैं
जोनी हाथ में चुआवा भोले भूये चुआवा पर देख बाड़ते थोर बाड़ा का