वर्य खजीली बजारा क्या ब्रावल मा?
पासले दे बयोर साथ दमा कवमा
वर पसे गोरा करूने का तक्दीर जाशं
यो आवाज रत दर्याग नाहावागीर
अच्छी पहारा दा दर्या दुराश दिला
दिको
ओका बजार पलो रवानी संदस्तीको
ओ बियों मर सहत कब वाखिस मची मार ना जारशं
गडान दाईरा गेख पल कोर्टाले बजार ना
वेलिये खज़ी ताची कब वाखला तयार का
प्रेखुशाला पर खज़रत न बिरोई दार का
ओ दिदे वाखिस दागा क्याप मिना मिना जारशं जर्रा टोले करल खशक और बलविना
कर सोय कोई शुशुना करल तकदीर
वाईन शमा और ख़तामे वारदे
जिब्रहील ना सापरागे पतलवार
जिब्रहील वारदे ख़ुदाई ख़बीबा
जिब्रहील वारदे खुदाई ख़बीबा